Type Here to Get Search Results !

उत्तराखंड की घटना पर गंभीर हो सरकार-अखिलेश यादव



    समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री  अखिलेश यादव ने कहा है कि उत्तर प्रदेश से अलग उत्तराखण्ड राज्य बनने के बावजूद दोनों राज्यों के बीच भावनात्मक रिश्ता अटूट है। यह रिश्ता हमेशा रहेगा।  उत्तराखण्ड  में पहाड़ कमजोर होने से जब तब आपदाएं आती रहती हैं। उत्तराखण्ड  की सभी सरकारें आपदाओं से निबटने में असफल क्यों रहती है? हर आपदा के वक्त उत्तर प्रदेश की समाजवादी पार्टी उत्तराखण्ड में मदद का हाथ बंटाने में आगे रही है।

    चमोली में बीआरओ के कैंप पर ग्लेशियर टूटने से वहां मौजूद मजदूर फंस गए। कुछ की दर्दनाक मौते हो गई है। कई अन्य घायल है। समाजवादी पार्टी मृतक परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करती है और उन्हें पर्याप्त मुआवजा दिए जाने की मांग करती है। घायलों के इलाज में लापरवाही नहीं हो।

    7 फरवरी 2021 को तपोवन बैराज में एनटीपीसी के द्वारा काम किया जा रहा था जिसमें 150 से अधिक मजदूर कार्यरत थे। तभी एक ग्लेशियर टूटा और एक ग्रामीण महिला श्रीमती मांगेश्री ने ग्लेशियर टूटने की सूचना दी थी क्योंकि उसका बेटा विपुल भी फंसा था। महिला की सूझबूझ से 40 मजदूरों की जान बची। समाजवादी पार्टी की ओर से उस महिला को 5 लाख का चेक देकर सम्मानित किया गया था।

    एक वर्ष पूर्व भी उत्तर प्रदेश और दिल्ली के रेट माइनर्स ने सुरंग में फंसे लोगों की जान बचाई थी। तब भी समाजवादी पार्टी ने उन माइनर्स को लखनऊ मुख्यालय में सम्मानित किया था। सन 2013 में जब केदारनाथ में भयंकर तबाही हुई थी तब भी उत्तर प्रदेश की समाजवादी सरकार की ओर से आर्थिक सहायता के साथ बसों से लोगों को निकालने की व्यवस्था की गई थी। सहारनपुर के डीएम को मदद के लिए लगाया गया था।

    समाजवादी पार्टी की मांग है कि उत्तराखण्ड में जितनी भी परियोजनाएं चल रही है उनकी एनवायरमेंट इम्पैक्ट असेसमेंट की रिपोर्ट को गंभीरता से स्टडी कर प्रारम्भ करे। उत्तराखण्ड के विकास और पर्यावरणीय सुरक्षा के प्रति भाजपा सरकार गंभीरता से काम क्यों नहीं करती है? भाजपा की कथित विकास नीतियां विनाशपरक है और पूंजीघरानों की पोषक है। भाजपा का विकास लूट और झूठ का पर्याय बनता जा रहा है  

      

Post a Comment

0 Comments
* Please Don't Spam Here. All the Comments are Reviewed by Admin.

Top Post Ad

Below Post Ad