उत्तर प्रदेश के आगरा में फेमिना मिस इंडिया 2017 शिवांकिता दीक्षित को 2 घंटे डिजिटल अरेस्ट रखा गया। भयादोहन कर खाते से 99 हजार रूपये ट्रांसफर करा लिए गए।. साइबर ठगों ने खुद को सीबीआई अधिकारी बताया था, फ्रॉड ने शिवांकिता को बैंक खाते में मनी लांड्रिंग और बच्चों के अपहरण की रकम आने की बात बोल कर डराया था। मिली जानकारी के अनुसार घटना थाना शाहगंज के मानस नगर की है... यहाँ की निवासी शिवांकिता दीक्षित अपने परिजनों के साथ रहती हैं... शिवांकिता दीक्षित साल 2017 में फेमिना मिस इंडिया वेस्ट बंगाल रही हैं। वर्तमान में शिवांकिता मॉडलिंग कर रही हैं... 3 दिसंबर दिन मंगलवार को दोपहर करीब 3 बजे शिवांकिता के पास एक कॉल आता है । कॉल करने वाले ने खुद को सीबीआई अफसर बताया था, पहले उसने कहा कि आप कॉल रिकॉर्ड तो नहीं कर रही हैं। शिवांकिता ने कॉल रिकॉर्ड की बात कबूल की जिसके बाद उसने व्हाट्सप्प कॉल किया। व्हाट्सप्प कॉल के दौरान फ्रॉड ने शिवांकिता से कहा कि तुम्हारे नाम से दिल्ली में HDFC बैंक में खाता खोला गया है। खाते में मानव तस्करी, मनी लोड्ररिंग और दो दर्जन से अधिक बच्चों के अपहरण की रकम खाते में आई है। शिवांकिता ने बताया कि वीडियो कॉल पर एक युवक पुलिस की वर्दी पहना हुआ था, उसके तीन स्टार लगे हुए थे और पीछे साइबर पुलिस दिल्ली लिखा हुआ था। कॉलर ने एक के बाद एक 4 लोगों से मेरी बात कराई थी। मुझसे कहा गया था कि यह हमारे सीनियर अधिकारी है। शिवांकिता ने कहा कि एक महिला ने भी बात की थी।
महिला ने कहा था कि आप महिला है इसलिये आपका केस मेरे पास आया है। जल्द से जल्द पेसो का इंतजाम कर लो हम नहीं चाहते की आपको जेल हो। शिवांकिता ने कहा कि वह 2 घंटे तक वीडियो कॉल पर बनी रही। इस दौरान शिवांकिता ने खाते से ऑनलाइन 99 हजार रूपये उन्हें ट्रांसफर कर दिए। आरोपियों ने शिवांकिता से 2 लाख 50 हजार रूपये की मांग की थी, लेकिन अकाउंट लिमिट पुरी होने के कारण वह उन्हें 99 हजार ही ट्रांसफर कर सकी थी। आरोपियों ने शिवाकिता से और पेसो की मांग की, उन्होंन यह भी कहा था कि अगर आपके अकॉउंट की लिमित पुरी हो गई है तो अपने रिश्तेदारों या दोस्तों से मांग लो। शिवांकिता के पिता संजय दीक्षित ने बताया कि बेटी कमरे को अंदर से लोक करके रोते हुए किसी से बात कर रही थी। हम लगातार गेट खोलने के लिए दरवाजा खटकता रहे थे लेकिन वह खोल नहीं रही थी। काफ़ी देर बाद जब गेट खोल तब पता चला की बेटी के साथ ऑनलाइन फ्रॉड हुआ है, लेकिन तब तक उसने 99 हजार रूपये उन्हें ट्रांसफर कर दिए थे।
हमने बेटी को समझाया कि यह लोग फ्रॉड है और तुम्हारे साथ स्कैम हो रहा है... काफ़ी देर तक बेटी सहमी रही फिर कुछ देर बाद उसे फ्रॉड होने का अहसास हुआ ।साइबर थाने में मुकदमा दर्ज करा दिया है। ऑनलाइन भी एफआईआर कराई थी ।हम चाहते हैं हमारा पैसा हमें वापस मिल जाये... दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाही की जाये जिससे भविष्य में यह ऐसा फ्रॉड किसी और के साथ ना करे।