कलियुगी शिक्षिका पत्नी ने कार, जमीन और मकान हथियाकर पति को मारी ठोकर, बीएसए ने शिक्षिका पत्नी को किया सस्पेंड।
: कार, बंगला और जमीन हथियाने के बाद पति को ठोकर मारने वाली शिक्षिका पत्नी अपने ही बुने जाल में फंस गई है । अपने बच्चे को डीबीटी योजना का लाभ लेने के लिए दो विद्यालयों में एडमिशन कराया। बेसिक शिक्षा विभाग की जांच रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है। शिक्षा विभाग ने जांच रिपोर्ट में फर्जी वाले को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका उपमा सिंह को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। पति ने डीएम सुल्तानपुर से मिलकर पत्नी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की गुहार लगाई है।
अखंड नगर विकासखंड के बलुआ गांव निवासी उमेश कुमार सिंह की शादी उपमा सिंह के साथ अप्रैल 2000 में हुई थी। उपमा सिंह का मायका ग्राम देवरा पोस्ट सरैया थाना गोसाईगंज जिला अयोध्या है। 2002 में पति उमेश सिंह अपनी पत्नी उपमा सिंह को लेकर इलाहाबाद पहुंचे थे जहां पर पति उमेश टैक्सी चलाते थे और अपनी पत्नी को लोक सेवा आयोग की तैयारी करने के लिए कोचिंग करवा रहे थे। 2021 में पत्नी उपमा सिंह बेसिक शिक्षा विभाग में शिक्षक के रूप में नियुक्ति पाईं। दुबेपुर ब्लॉक के पूरे अहिरन का पुरवा प्राथमिक विद्यालय में उन्हें पढ़ाने के लिए शिक्षा विभाग की तरफ से नियुक्त किया गया। इसी बीच लखनऊ के कृष्णानगर के मकान को पत्नी ने अपने नाम करा लिया, खरीदी गई कार भी हथिया ली। पति की तरफ से खरीदे गए लखनऊ के पीजीआई के पास स्थित दो प्लाट भी हड़प लिए। पति उमेश सिंह से दूरियां बढ़ाते हुए संपत्तियों की स्वामी बन गई। जिससे त्रस्त पति ने जिलाधिकारी सुल्तानपुर कृतिका ज्योत्सना से शिकायत की। दो प्राथमिक विद्यालयों में एक साथ अपने बच्चों का एडमिशन करते हुए डीबीटी योजना का दुरुपयोग कर लाभ हासिल किया। जांच रिपोर्ट को संज्ञान में लेते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी दीपिका चतुर्वेदी ने शिक्षिका उपमा सिंह को सस्पेंड कर दिया है। पत्नी के निलंबन के बाद पति ने अब डीएम से दोबारा मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।
