अपहरण हुआ बच्चा सकुशल बरामद
।बिजनौर के धामपुर इलाके से कल दिनदहाड़े अपहरण हुए 5 वी क्लास के बच्चे को पुलिस ने सकुशल गाज़ियाबाद से बरामद कर लिया है। अपहत बच्चे के रिश्ते के चचेरे भाई ने ही अपने तीन साथियों के साथ स्कूल से आते वक्त बच्चे का किया था अपहरण। दस लाख रुपए की फिरौती मांगने की फिराक थे आरोपी। पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए एक आरोपी को किया गिरफ्तार तीन अभी भी फरार।
दरअसल मामला बिजनौर ज़िले के धामपुर थाना क्षेत्र के ग्राम मीमला का है जंहा के रहने वाले आशुतोष चौहान का 11 वर्षीय पुत्र शशांक चौहान जो की धामपुर के शिखर शिशु सदन सीनियर सेकेंडरी में कक्षा पांचवी का छात्र है।शशांक का कल शुक्रवार को दोपहर करीब दो उस वक्त कार सवार आरोपियों ने अपहरण कर लिया था जब वह स्कूल से पढ़कर स्कूल वैन से वापिस अपने गांव लौटा तो पहले से ही घात लगाए खड़े बदमाश शशांक को अकेला पाकर उसका अपहरण कर ले गये थे।।
दिन दहाड़े हुए छात्र शशांक के अपहरण की सूचना मिलते ही पुलिस विभाग में हड़कम्प मच गया। एसपी अभिषेक कुमार,एसपी पूर्वी, एसपी ग्रमीणों सीओ पुलिस के आला अफसर पुलिस टीम के साथ बच्चे की तलाश में जुट गए थे।
पुलिस की टीमों ने सीसीटीवी फुटेज और सोशल मीडिया के माध्यम से अपहरण के महज़ कुछ ही घंटे बाद बच्चे को गाजियाबाद स बरामद कर लिया है और एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने अपहरण करने वाले एक आरोपी अर्जुन तोमर पुत्र मानसिंह निवासी विवेकानंद नगर गाजियाबाद को गिरफ्तार कर लिया है पकड़े आरोपी ने पुलिस पूछताछ में बताया कि उसने वर्ष 2021 में बीसीए की पढ़ाई की है, इसी दौरान उसकी दोस्ती गावँ मिमला के रहने वाले गौरव चौहान पुत्र मनोज चौहान से हो गई। आरोपी का कहना है की गौरव ने उसे बताया कि उसकी गावँ की ज़मीन गिरवी रखी है, उसको छुड़वाना है और कोई नोकरी है नही। तभी इन लोगों ने योजना बनाते हुए मिमला गांव के रहने रहने वाले सूर्य प्रताप और सूरज निराला पुत्र दिनेश कुमार निवासी धामपुर बल्ले सिंह पुत्र निवासी कानपुर के साथ मिलकर गौरव के मौसेरे भाई शशांक की किडनैपिंग की योजना बनाई।योजना के मुताबिक उन्होंने टाटा पंच गाड़ी से आकर शशांक का अपहरण कर उसे गाज़ियाबाद ले गए।
वंही सकुशल बरामद हुए बच्चे ने बताया कि उसे जबरन गाड़ी में बिठाकर ले गए और रास्ते में उसे कोल्ड ड्रिंक और केले भी खिलाएं, आरोपियों ने उसके हाथ और मुंह भी बांध दिया था, लेकिन उसके साथ कोई मारपीट नहीं की। बच्चों ने बताया कि आरोपीयो से जब उसने छोड़ने को कहा तो उन्होंने कहा कि अपने पापा को फोन करके 50 लाख रुपए देने कह दे हम तुझे छोड़ देंगे।
घटना का खुलासा करते हुए एसपी एसपी अभिषेक कुमार ने बताया की 19 जुलाई की दोपहर को सूचना आई थी कि एक 11 वर्ष के बच्चे का जो स्कूल से आया था उसका अपहरण कर लिया गया है ।इस मामले में तत्काल फोर्स को एक्टिव कर बच्चों की बरामदगी के लिए पुलिस की टीमों को लगाया गया ।अर्ली मॉर्निंग उस बच्चे की सकुशल बरामदगी कर ली गई है।
इसमें जो मुख्य आरोपी है वह बच्चे का ही चचेरा भाई गौरव है। उसने पैसों के लालच में अपने छोटे चचेरे भाई का ही अपने तीन साथियों के साथ मिलकर योजना बनाकर अपहरण किया था ।
अर्जुन को गिरफ्तार कर लिया गया है बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया है। गौरव और उसका मित्र बल्ली और एक तीसरा मित्र निराला अभी फरार है। पुलिस की टीम आरोपियों की तलाश में लगी हुई है।एसपी ने यह भी बताया की आरोपी सोशल मीडिया के माध्यम से 10 लख रुपए की डिमांड करने वाले थे।
